चुनाव आयोग 19 मई को बूथ पर दोबारा से करवाएगा मतदान

Faridabad Haryana

सत्यखबर फरीदाबाद (ब्यूरो रिपोर्ट) – सोशल मीडिया पर वायरल हुई वीडियो की खबर को सत्य खबर द्वारा प्राथमिकता से दिखाए जाने के बाद चुनाव आयोग ने अब 19 मई को इस बूथ पर दोबारा से मतदान करवाने का निर्णय लिया है।

वहीं पोलिंग एजेंट गिर्राज के अलावा इस बूथ के presiding Officer अमित अत्री के खिलाफ भी अपराधिक धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज करने के आदेश हो गए हैं।

फरीदाबाद लोकसभा क्षेत्र में 12 मई को लोकसभा चुनाव 2019 के दौरान पृथला विधानसभा क्षेत्र के बूथ नंबर 88 पर एक व्यक्ति ने महिला मतदाताओं को सहायता के बाहने खुद मशीन के बटन को तीन बार दबाया। इसी दौरान उक्त युवक का किसी ने मोबाइल से विडियो बना लिया और उसे वायरल कर दिया। विडियो को वायरल होता देख बूथ इंचार्ज हरकत में आए और मामले की शिकायत सदर थाना पुलिस पलवल को दी गई। पुलिस ने बूथ के पीठासीन अधिकारी की शिकायत पर नामजद गिर्राज आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर आरोपी को कोर्ट में पेश कर दिया। पलवल डीएसपी हितेश यादव ने बताया कि पृथला विधानसभा क्षेत्र के बुथ नंबर 88 जो कि गांव असावटी में बतौर पीठासीन अधिकारी अमित अत्री ने शिकायत दर्ज कराई है कि गांव असावटी निवासी गिर्राज बीजेपी का पोलिंग ऐजेंट था। गिर्राज ने मतदाता की सहायता के बहाने मशीन का तीन बार बटन दबाया। गिर्राज के ऐसा करने से मना भी किया था लेकिन वह नही माना। गिर्राज जब वोट डालने की कोशिश कर रहा था तो उसका किसी ने उसका विडियो बना लिया और सोशल मिडिया पर वायरल कर दिया। पुलिस ने पीठासीन अधिकारी की शिकायत के आधार पर आरोपी गिर्राज के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया और उसके खिलाफ कार्रवाई कर कोर्ट में पेश कर दिया है।

गांव असावटी के सरपंच कर्ण सिहं ने बताया कि चुनावी रंजिश को लेकर यह वीडियों वायरल किया गया है। जबकि चुनाव आयोग के दिशा निर्देशानुसार बूथ पर मोबाईल फोन ले जाना मना है। चुनावी रंजिश को लेकर ही यह वीडियों बनाया गया है और उसे वायरल किया गया। चुनाव आयोग ने मामले में संज्ञान लिया है और आगामी 19 मई को दोबारा से चुनाव कराने के निर्देश जारी किए गए है।

गांव असावटी निवासी महिला मतदाता रुकसाना ने बताया कि वह अनपढ़ है वोट डालने की ज्यादा जानकारी नही थी इसलिए उसने गिर्राज से पूछा था कि किस मशीन पर बटन दबाना है। गिर्राज ने सिर्फ मशीन बताई थी पर उसने बटन नही दबाया। बटन को खूद मेने ही दबाया था। वहीं आरोपी गिर्राज ने बताया कि उक्त विडियो को रंजिशन बनाकर वायरल किया गया है। उसने महिला मतदाताओं की केवल मशीन तक मदद की लेकिन बटन नही दबाया।